![]()
चंडीगढ़2 घंटे पहले
- कॉपी लिंक

पंजाब में CM भगवंत मान की सरकार की पहली कैबिनेट मीटिंग दोपहर 2 बजे होगी। इससे पहले नए बने 10 मंत्रियों को विभागों का बंटवारा होगा। सरकार में अहम गृह विभाग मान अपने पास ही रखेंगे। वहीं कैबिनेट की मीटिंग में CM मान कोई बड़ा फैसला लेने की तैयारी में हैं। यह फैसला रोजगार और शिक्षा से जुड़ा हो सकता है।

यह थे AAP के चुनावी वादे
विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी ने हर घर को 300 यूनिट मुफ्त बिजली का वादा किया था। इसके अलावा 18 साल से बड़ी उम्र की हर महिला को 1-1 हजार प्रतिमाह देने का ऐलान किया था। इसके अलावा सरकारी स्कूल और अस्पतालों की दशा सुधारने का भी वादा किया था। आप के सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल ने इन्हें गारंटी कहते हुए भरोसा दिया था कि हर हाल में इन्हें पूरा किया जाएगा। इसके अलावा पंजाब से रेत, ड्रग्स और केबल माफिया को भी खत्म करने का वादा किया गया था।
मान ने कहा था – हरा पैन रोजगार के लिए चलेगा
चुनाव प्रचार के दौरान CM भगवंत मान ने भी कहा था कि उनके पास हरा पैन आया तो पहला फैसला रोजगार को लेकर होगा। ऐसे में पंजाब के बेरोजगार युवाओं की नजर इस बात पर है कि सरकारी नौकरियों को लेकर क्या फैसला लिया जाता है। पंजाब में इस वक्त लगभग एक लाख सरकारी पद खाली पड़े हुए हैं। इसके अलावा 36 हजार कर्मचारी रेगुलर होने का इंतजार कर रहे हैं।
चंडीगढ़2 घंटे पहलेकॉपी लिंकपंजाब में CM भगवंत मान की सरकार की पहली कैबिनेट मीटिंग दोपहर 2 बजे होगी। इससे पहले नए बने 10 मंत्रियों को विभागों का बंटवारा होगा। सरकार में अहम गृह विभाग मान अपने पास ही रखेंगे। वहीं कैबिनेट की मीटिंग में CM मान कोई बड़ा फैसला लेने की तैयारी में हैं। यह फैसला रोजगार और शिक्षा से जुड़ा हो सकता है।यह थे AAP के चुनावी वादेविधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी ने हर घर को 300 यूनिट मुफ्त बिजली का वादा किया था। इसके अलावा 18 साल से बड़ी उम्र की हर महिला को 1-1 हजार प्रतिमाह देने का ऐलान किया था। इसके अलावा सरकारी स्कूल और अस्पतालों की दशा सुधारने का भी वादा किया था। आप के सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल ने इन्हें गारंटी कहते हुए भरोसा दिया था कि हर हाल में इन्हें पूरा किया जाएगा। इसके अलावा पंजाब से रेत, ड्रग्स और केबल माफिया को भी खत्म करने का वादा किया गया था।मान ने कहा था – हरा पैन रोजगार के लिए चलेगाचुनाव प्रचार के दौरान CM भगवंत मान ने भी कहा था कि उनके पास हरा पैन आया तो पहला फैसला रोजगार को लेकर होगा। ऐसे में पंजाब के बेरोजगार युवाओं की नजर इस बात पर है कि सरकारी नौकरियों को लेकर क्या फैसला लिया जाता है। पंजाब में इस वक्त लगभग एक लाख सरकारी पद खाली पड़े हुए हैं। इसके अलावा 36 हजार कर्मचारी रेगुलर होने का इंतजार कर रहे हैं।